जोशीमठ। चिपको आंदोलन की 52वीं वर्षगांठ पर जोशीमठ क्षेत्र में आज पर्यावरण संरक्षण की अग्रदूत गौरा देवी को श्रद्धापूर्वक याद किया गया। इस अवसर पर गौरा देवी पर्यावरण एवं सामाजिक विकास समिति द्वारा दो दिवसीय चिपको महोत्सव आयोजित किया गया। गढ़वाल के पूर्व अपर आयुक्त स्वर्गीय श्री हरक सिंह रावत को राज्य स्तरीय गौरा देवी सम्मान पुरस्कार के लिया चुना गया, जिसे उनकी धर्मपत्नी ने प्राप्त किया। हरक सिंह रावत ने पर्यावरण संरक्षण हेतु पर्यावरण मित्र योजना की शुरुआत की थी।
कार्यक्रम के दौरान श्री बदरीनाथ केदारनाथ मंदिर समिति के उपाध्यक्ष ऋषि प्रसाद सती ने कहा कि 26 मार्च 1974 को रैणी गांव में गौरा देवी के नेतृत्व में महिलाओं ने पेड़ों को कटने से बचाने के लिए ऐतिहासिक आंदोलन किया था, जो आज विश्व स्तर पर पर्यावरण संरक्षण का प्रतीक बन चुका है। जोशीमठ के रवि ग्राम खेल मैदान में आयोजित कार्यक्रमों में पर्यावरण संरक्षण विषय पर गोष्ठी, वृक्षारोपण, सांस्कृतिक प्रस्तुतियां एवं छात्र-छात्राओं की भाषण प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं। साथ ही स्थानीय लोगों ने प्रकृति संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ाने का संकल्प लिया।
